अंकिता भण्डारी हत्याकाण्डः उत्तराखण्ड में बंद का रहा व्यापक असर

अंकिता भण्डारी हत्याकाण्डः उत्तराखण्ड में बंद का रहा व्यापक असर

देहरादून। उत्तराखंड की बेटी अंकिता भंडारी को न्याय दिलाने की मांग को लेकर विभिन्न संगठनों और राजनीतिक दलों ने रविवार को उत्तराखंड बंद बुलाया है। जिसका असर पूरे उत्तराखण्ड में देखने को मिला। राज्य आंदोलनकारियों समेत तमाम जन संगठनों के कार्यकर्ता गांधी पार्क के गेट पर एकत्रित हुए।

जन संगठनों की ओर से बंद को सफल बनाने की अपील की गई। इस बंद में तमाम जन संगठन, विभिन्न राजनीतिक संगठन, सामाजिक सरोकारों से जुड़े लोग शामिल हुए। देहरादून में सुबह से लगभग सभी व्यापारिक प्रतिष्ठान बंद हैं। संगठनों की ओर से गांधीवादी तरीके से लोगों से व्यापारिक प्रतिष्ठान बंद रखने की अपील की गई है।

इस दौरान बंद को सफल बनाने के लिए संगठनों की ओर से गांधी पार्क से घंटाघर तक जुलूस रैली निकाली गई। रैली के दौरान अंकिता को न्याय दो जैसे नारे लगाए गए।

उत्तराखंड बंद को लेकर उत्तराखंड क्रांति दल के संरक्षक बीडी रतूड़ी ने कहा कि अंकिता हत्याकांड को लेकर आज समूचा उत्तराखंड जल रहा है। इसलिए उत्तराखंड के लोग आज सड़कों पर उतर आए हैं, क्योंकि लोग न्याय की मांग कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि अपराधियों को कड़ी से कडी सजा दी जानी चाहिए। इसके अलावा उत्तराखंड क्रांति दल ने मांग उठाई है कि यूकेएसएसएससी पेपर लीक मामले की सीबीआई जांच भी की जाए।

वहीं मीडिया की खबरों के मुताबिक हल्द्वानी में बंद का कोई खास असर नहीं दिखाई दिया। सुबह से ही उत्तराखंड क्रांति दल के नेता सुशील उनियाल और देवभूमि व्यापार मंडल के पदाधिकारी व्यापारियों से बाजार बंद करने का आह्वान करते नजर आए। बाजार बंद के आह्वान को देखते हुए पुलिस भी मुस्तैद नजर आई। पुलिस ने व्यापारियों से आह्वान किया की बाजार बंद करने के लिए कोई जबरदस्ती नहीं है, यदि कोई व्यापारी अपनी दुकान खोलना चाहता है, तो वह खोल सकता है।

प्रदर्शनकारियों के पीछे पुलिस पीछे पीछे घूमती रही और व्यापारियों को समझाने की कोशिश भी करती रही। तो वहीं कुछ व्यापारियों ने बाजार बंद का उनको पूर्ण समर्थन दिया है और उनकी मांग है कि का हत्याकांड जैसे जघन्य अपराध को न्याय दिलाने के लिए व्यापारी उनका साथ देंगे। क्योंकि उत्तराखंड राज्य के अंदर अभी कई अंकिता पैदा होंगी उनके साथ ऐसा अपराध ना हो और अंकिता हत्याकांड के आरोपियों को फांसी की सजा हो।

श्रीनगर गढ़वाल में बंद का असर देखने को मिला है। श्रीनगर में बाजार बंद रहा लेकिन व्यापार सभा ने बंद को लेकर असहमति भी जताई थी। व्यापार सभा अध्यक्ष दिनेश असवाल ने बंद लेकर अपना विरोध जाहिर किया। बड़ी संख्या में विभिन्न सामाजिक संगठनों, छात्रों ने श्रीनगर में जलूस निकाल कर अपना विरोध जाहिर किया।

मसूरी में अंकिता भंडारी के हत्यारों को फांसी की सजा देने की मांग को लेकर मसूरी के कई सामाजिक संगठनों कांग्रेस और मसूरी ट्रेडर्स एंड वेलफेयर एसोसिएशन द्वारा मसूरी के झूलाघर स्थित शहीद स्थल पर श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया। जिसमें भारी संख्या में लोगों ने अंकिता भंडारी को श्रद्धांजलि दी। इससे पूर्व मसूरी को 12 बजे तक पूर्ण रूप से बंद रखा गया। मसूरी शहीद स्थल पर आयोजित श्रद्धांजलि सभा में लोगों ने सरकार से तत्काल अंकिता भंडारी के कातिलों को फांसी की सजा देने की मांग की। वहीं, रिजॉर्ट को भी ध्वस्त करने की मांग भी की गई है।

सीमा जिले चमोली में भी अंकिता हत्याकांड के बाद दोषियों को सजा दिलाने की मांग को लेकर बुलाये गए बंद का व्यापक असर देखने को मिला। इस दौरान जहां व्यापारिक प्रतिष्ठान बंद रहे। वहीं, टैक्सी यूनियनों ने इस बंद का समर्थन किया और आज टैक्सियों का संचालन बंद रखा। जबकि, प्रांतीय उद्योग व्यापार संघ की ओर से बंद को लेकर कोई ऐलान न किये जाने के बावजूद भी व्यापारियों ने अपने व्यापारिक प्रतिष्ठान बंद रखे। स्टैंडों पर टैक्सी न मिलने पर बदरीनाथ और हेमकुंड जाने वाले तीर्थयात्रियों के साथ-साथ स्थानीय लोगों को भी दिक्कतों का सामना करना पड़ा।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *